जवान लड़की की अन्तर्वासना की कहानी ने उसे अपने पड़ोस के विदेश से लौटे बड़ी उम्र के आदमी से चुदवा दिया. उसका रहन-सहन अन्य लोगों से अलग था तो लड़की ने उसे पसंद किया.
मेरा नाम तेजल (बदला हुआ) है.
मैं गुजरात के आनन्द जिले के एक गांव से हूँ और अभी 26 साल की शादीशुदा युवती हूँ.
मेरी शादी हुए करीब 4 साल हो गए हैं.
अभी मैं भारत से अमरीका मेरे पति के साथ शिफ्ट हो गयी हूँ.
यह जवान लड़की की अन्तर्वासना की कहानी आज से कुछ साल पहले की है, जब मैं बीस साल की जवान लड़की थी.
उस वक्त मैंने कॉलेज जाना शुरू ही किया था.
मैं दिखने में इतनी अधिक सुन्दर हूँ कि गांव के सारे लड़के मेरे पीछे पड़े थे.
वे लोग खासकर मेरी चूचियों और मेरे कूल्हों की थिरकन देख कर अपने लंड सहलाने लगते थे.
मेरी जवानी की चर्चा पूरे गांव में थी.
जब मैं शाम को कुछ भी खरीदने गांव के बाजार में जाती, तो सारे लड़के मुझे घूरने लगते थे.
मैंने अपनी बारहवीं की पढ़ाई पूरी करके ट्रेन से शहर के कॉलेज में पढ़ने जाना शुरू कर दिया था.
ट्रेन में जब मैं टाइट कपड़े पहन कर जाती, तो बूढ़ों के भी लंड खड़े हो जाते थे और वे लोग मुझे अपनी आंखों से ही चोद देते थे.
कॉलेज में मैंने अपना एक बॉयफ्रेंड बना लिया था.
वह लड़का काफी पैसे वाला था और शहर में उसके पापा का एक बड़ा सा रेस्टोरेंट था.
हम दोनों ने कई बार साथ में जाकर सिनेमाघरों में मूवीज देखी थीं.
जब हम मूवी देखने हॉल में जाते, तब वह मेरी चूचियां दबाता और मुझे मेरे होंठों पर लिपकिस करता.
मुझे भी इस सब में मजा आता था तो मैं भी उसे मना नहीं करती थी.
जब वह ज्यादा उत्तेजित हो जाता तो वह मेरी पैंट की चैन खोल कर मेरी चूत में उंगली फेरता.
अपनी बुर पर उंगली फिरवाना मुझे खुद भी काफी अच्छा लगता.
लेकिन हम दोनों इस सबसे आगे नहीं बढ़े.
इस सबसे यह हुआ था कि मेरी बुर में चींटियां रेंगने लगी थीं और मैं अपने उस दोस्त से चुदने के लिए लगभग रेडी हो ही गई थी लेकिन वह अपनी आगे की पढ़ाई करने विदेश चला गया.
अब मैं बेबस हो गई थी.
इधर एंट्री हुई एक दूसरे विवाहित मर्द की.
दरअसल मेरे गांव का एक लड़का जो कि शादीशुदा था, वह लंदन में रहता था.
अभी थोड़े समय पहले ही वह भारत में वापस आकर स्थाई रूप से मेरे गांव में रहने लगा था.
यह गांव उसका भी पुश्तैनी गांव था और वह मेरे पड़ोस में ही रहता था.
वह लड़का मेरी उम्र से लगभग 13 या 14 साल बड़ा था और दिखने में भी नार्मल था.
लंदन में आठ साल रहने की वजह से उसकी लाइफस्टाइल दूसरे लड़कों से काफी अलग थी, तो गांव के सारे लड़के उसके पीछे घूमा करते थे.
उसका घर मेरे घर के पास ही था तो उसकी वाइफ से मेरी अच्छी बनने लगी थी.
मुझे कुछ काम नहीं होता था तो मैं उसके घर गप्प लड़ाने चली जाती थी.
हम दोनों खूब बातें किया करते थे.
फिर नवरात्रि का टाइम आया.
उस लड़के के पास एक बहुत ही अच्छे किस्म का कैमरा था, जो वह लंदन से खरीदकर लाया था.
अक्सर रात को मैं तैयार होकर उसके घर फोटो खिंचवाने चली जाती थी.
उसी वक्त से उसने मुझे नोटिस करना चालू किया.
एक बार फोटो खींचते वक्त वह मुझे पोज़ बता रहा था कि मैं कैसे खड़ी होऊं.
उस वक्त उसने मेरे बूब्स को टच कर लिया.
इससे मेरे अन्दर एक झनझनाहट सी दौड़ गयी.
उस रात मैंने अपने बिस्तर में जाकर अपनी बुर को ऐसा रगड़ा कि मेरा दो बार पानी निकल गया और मेरी पैंटी भी पूरी भीग गई.
मेरे जीवन में मेरी बुर में से इतना पानी पहली बार निकला था … मैं थक कर पसीना पसीना हो गयी थी.
फिर मुझे नींद आ गयी.
दूसरे दिन वह अपनी बुलेट बाइक लेकर कहीं जा रहा था और उस वक्त मैं भी अपने कॉलेज के लिए निकल रही थी.
उसने मुझसे कहा- चलो मैं ही छोड़ देता हूँ तुम्हें!
मैंने पहले मना किया, लेकिन मेरी मम्मी बोलीं- चली जा न, तेरे बड़े भैया जैसे ही तो हैं!
मैंने हां कर दी.
उसके साथ बुलेट से जाते समय मेरे मम्मे उसकी पीठ को छू रहे थे और मेरी उत्तेजना बढ़ने लगी थी.
उसी पल मेरी बुर ने फिर से पानी छोड़ना चालू कर दिया था.
उसने रास्ते में मुझसे पूछा- तुम्हारा कोई बॉयफ्रेंड है?
मैंने नहीं कहा.
वह बोला- तुम तो इतनी खूबसूरत हो और बॉयफ्रेंड नहीं है, ऐसा हो नहीं सकता!
मैंने कहा- एक मेरा क्लोज फ्रेंड है.
यह सुनकर उसने आगे कुछ नहीं पूछा.
उस रात उसने मुझे फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी और मैंने तुरंत ही एक्सेप्ट कर ली और हमारी बातें शुरू हुईं.
ऐसा कुछ दिन चला.
मैं अब उसे पसंद करने लगी थी.
एक रात मैं उसके घर में भाभी के साथ बैठने के लिए जा रही थी, तो उसने मुझे बीच में ही पकड़ लिया.
वहां काफी अंधेरा था.
उसने मुझे कसके पकड़ा और मेरे होंठ चूम लिए.
मैं पूरी तरह घबरा गयी थी इसलिए मैं उधर से ही अपने घर वापस लौट गयी.
मैं बता नहीं सकती कि उस वक्त मेरे दिल की धड़कनें कितनी तेज हो गयी थीं.
मैं सीधे अपने रूम में चली गई और बिस्तर पर लेट गयी.
वह मेरी आंखों के सामने से हट ही नहीं रहा था.
उसके चुंबन मेरी उत्तेजना को बढ़ाने लगे थे और इतने में ही मेरी बुर ने पानी निकालना शुरू कर दिया.
मैं पागल हुई जा रही थी इसलिए मुझसे रहा न गया और मैं पूरी नंगी हो गयी.
अब मैं खुद ही अपने मम्मे दबाने लगी और कब मैंने अपनी दो उंगलियों को अपनी कुंवारी बुर में घुसेड़ लिया, मुझे खुद ही पता ही नहीं चला.
मेरे मन में एक ही विचार आ रहा था कि कब उस से जाकर चुद जाऊं!
उतने में उसका मैसेज आ गया- बुरा लगा हो तो सॉरी!
मैंने तुरंत रिप्लाई दिया- नहीं, ऐसी कोई बात नहीं है.
फिर उसने पूछा- इसका मतलब है कि तुम्हें अच्छा लगा?
मैंने जबाव में एक स्माइल वाली इमोजी भेज दी.
वह उसका मतलब समझ गया कि जवान लड़की की अन्तर्वासना लंड मांग रही है.
उस रात हम दोनों ने खूब सेक्सी बातें की.
उसने मुझसे पूछा- कभी अपने बॉयफ्रेंड से चुदाई करवाई है?
मैंने मना कर दिया.
उसने कहा- अगर कल तुम फ्री हो तो मेरे फ्रेंड के घर पर कोई नहीं रहता, हम दोनों वहां जा सकते हैं!
मुझसे रहा नहीं गया और मैंने हां कर दी.
दूसरे दिन सुबह उठकर मैंने बुर के काले घने बालों को साफ किया और झांटों की सफाई होते ही मेरी गुलाबी बुर चमकने लगी थी.
मैंने डार्क ब्लू कलर की ब्रा पैंटी पहनी.
ऊपर से एक टाइट टी-शर्ट और जींस पहन कर निकल गयी.
वह घर के बाहर बाइक पर रेडी ही था.
उसकी वाइफ भी घर के बाहर ही खड़ी थी.
उसने मुझे देख कर कहा- चलो, मैं तुमको छोड़ देता हूँ.
मैंने उसकी वाइफ के सामने देखा और मना कर दिया.
उसकी वाइफ बोली- चली जा ना, तेरे बड़े भाई जैसे ही तो हैं!
मुझे तो वैसा ही चाहिए था.
मैं झट से बाइक पर अपनी गांड उचका कर बैठ गई.
थोड़ा आगे जाकर मैंने उसको पीछे से पकड़ लिया और थोड़ी ही देर में हम दोनों उसके फ्रेंड के घर पहुंच गए.
वहां कोई नहीं रहता था, सब लंदन में शिफ्ट हो गए थे.
वहां जाते ही उसने मुझे कसके पकड़ लिया और मेरे होंठों को चूमने लगा.
मैं भी उसका साथ देने लगी.
कुछ ही देर में उसने मेरी टी-शर्ट निकाल दी.
मैंने भी उसकी टी-शर्ट उतार दी.
मैंने भी उसे चूमना शुरू कर दिया और उसकी नंगी छाती को सहलाने लगी.
मैं मर्द की महक पाकर पागल हुई जा रही थी.
उसने मेरी ब्रा हटा दी और पैंट भी निकाल दिया.
अब मैं सिर्फ पैंटी में थी.
उसने भी चड्डी छोड़ कर अपने पूरे कपड़े उतार दिए और मुझे खींच कर अपनी गोदी में बिठा लिया.
वह मेरे एक मम्मे को चूसते हुए बोला- तुम्हारे तो मेरी बीवी से भी बड़े हैं!
मैं शर्मा गयी.
वह मस्ती से मेरे दोनों मम्मों को बारी बारी से चूस रहा था और मसल रहा था.
साथ ही साथ वह मेरे कूल्हों के बीच में अपनी उंगलियां घुमा रहा था.
मैं भी चुदासी सी उसको पकड़ कर चिपकी हुई थी.
ये सब मेरे साथ पहली बार हो रहा था.
जैसे ही उसनी मेरी चूची के निप्पल को काटा, मेरी आआहह … निकल गई.
कुछ देर बाद वह मुझे बिस्तर पर ले गया और मेरी पैंटी खींच ली.
मेरी पैंटी बुर रस से पूरी तरह गीली हो गयी थी.
जैसे ही उसने मेरी बुर की तरफ देखा, तो कह उठा- ओ तेरी … इतनी गुलाबी चूत!
ऐसा बोल कर वह मेरी बुर पर टूट पड़ा.
उसने मुझे चित लिटाया और अपनी पूरी जीभ मेरी बुर के अन्दर डाल दी.
मैं ‘उईई माँ …’ कहती हुई चिल्ला पड़ी.
मेरी बुर में से रस निकलना चालू हो गया था.
जोश में आकर उसने अपना अंडरवियर निकाल दिया.
बाप रे इतना मोटा और लम्बा लंड मैंने पहली बार देखा था.
उसने अपने लौड़े पर थूक लगाया और मेरी बुर पर लंड का मुँह रगड़ने लगा.
मैं बेकाबू हो गई और गांड उठा कर लंड लेने की कोशिश करने लगी.
उसने धीरे से अपने लंड का सुपारा मेरी बुर में घुसेड़ दिया.
मेरी चीख निकल गयी.
मैं उसे रोकने लगी.
वह समझाने लगा- पहले दर्द होगा, फिर अच्छा लगेगा.
यह कह कर वह अपनी कमर को आगे पीछे करने लगा.
मैं मदहोश होने लगी.
तभी उसने फिर से एक तेज झटका दिया और अपना पूरा लौड़ा मेरी बुर में अन्दर तक पेल दिया.
मैं दर्द से चिल्ला उठी- उई … मर गई रेरे!
उसका लंड बहुत ही मोटा था. मेरी बुर में से खू.न निकलने लगा था.
वह लंड घुसेड़ कर थोड़ी देर रुका और फिर उसके बाद उसने जोर जोर से झटके देना चालू कर दिए.
मुझे अब मजा आ रहा था.
करीब बीस मिनट बाद वह झड़ गया और उसने पूरा माल मेरी चुत के बाहर निकाल दिया.
झड़ने के बाद वह अपने लंड को मेरी गांड के छेद पर घुमाने लगा.
मैं निढाल सी उसे देख रही थी.
वह मस्ती से बोला- अब यहाँ डालूँ?
मैंने कहा- आज नहीं, फिर कभी.
उसने मेरे मुँह पर अपना लंड रख दिया और बोला- आज मुँह से चूस दो!
मैंने पोर्न फिल्में बहुत देखी थीं, तो मैं उसका लंड चूसने लगी.
कुछ ही देर में उसका लंड कड़क हो गया और वह मेरे मुँह को ही चोदने लगा.
दूसरी बार वह मेरे मुँह में ही झड़ गया.
मैंने बाथरूम में जाकर सारा वीर्य मुँह में से निकाला और अपनी चुत की ओर देखा तो वह फूल कर लाल हो चुकी थी.
उस चुदाई के बाद मेरी हालत ऐसी हो गयी कि ‘लंड बिना रहा ना जाए‘
तो उसने मेरे कहने पर मुझे काफी बार चोदा.
फिर मेरी शादी हो गई.
आज मैं अपने पति के साथ अमेरिका में रह रही हूँ.
मेरे पति का लंड उतना बड़ा नहीं है और न ही वह मुझे भरपूर मजा दे पाता है.
लेकिन जब भी मैं अपनी पहली चुदाई के बारे में सोचती हूँ, तो आज भी मेरी चुत गीली हो जाती है.
इधर की बिजी लाइफ के कारण से मैं वापिस इंडिया नहीं जा पा रही हूँ लेकिन मैं यही सोचती रहती हूँ कि काश एक बार वह यहाँ आ जाए और मेरी फिर से वैसी चुदाई कर दे.
यह मेरी सच्ची सेक्स कहानी है, उम्मीद है आपको पसंद आई होगी.
जवान लड़की की raatkibaat की कहानी पर प्लीज कमेंट्स करके जरूर बताएं.
shayarauus@outlook.com