एक दूसरे की गर्लफ्रेंड की चुदाई की मस्ती- 1

Views: 85 Category: Group Sex By ffor8397 Published: March 10, 2026

डबल फक सेक्स कहानी में मैं अपने एक दोस्त के साथ एक दूसरे दोस्त के रूम में गया तो बहन उसकी बहन अकेली थी. मैं उसे चोद चुका था. मेरा दोस्त उसे चोदना चाहता था.

फ्रेंड्स, मैं अजय आपको एक बार पुनः अपनी सेक्स कहानी में स्वागत करता हूँ.

अपनी पिछली सेक्स कहानी
गर्लफ्रेंड की चुदाई का बदला बहन की चुदाई से
में मैंने आपको बताया था कि कैसे नदीम ने मेरी गर्लफ्रेंड शिखा को चोदा था और बदले में मैंने उसकी बहन नफीसा को पेला.

अब मैं डबल फक सेक्स कहानी में आपको बताता हूँ कि कैसे मैंने और नदीम ने शिखा को साथ में चोदा.
बाद में मैंने सुनील के साथ मिलकर नफीसा को तबियत से बजाया.

उसकी जानकारी नदीम को थी कि मैंने सुनील के साथ नफीसा को सैंडविच बना कर चुत और गांड को एक साथ चोदा था.
उस घटना के बाद मैं और नदीम खुल चुके थे.
अब नदीम चुदाई में मेरा पार्टनर हो गया था.

नदीम शिखा को मेरे बराबर ही पेलने लगा था.
मतलब अगर शिखा फ्लैट पर आई है तो नदीम अपना लंड शिखा की चूत में पेलता ही था.
उसको शिखा की चूत से प्यार हो गया था.
वह उसको हर बार फाड़ने के लिए गिरा-गिरा, बेरहमी से पटक-पटक कर चोदता था.

और शिखा को भी उसके सुन्नती लंड पर चुत फंसा कर चुदवाने में खूब मजा आता था.
वह मेरे सामने ही किसी सड़कछाप रंडी की तरह नदीम के लौड़े से रगड़ जाती थी.

इधर नफीसा को मेरे लंड से प्रेम हो गया था.
मैं नफीसा को हर तरीके से चोदकर उसको अपनी पालतू रांड बना चुका था.
उसकी गर्म खौलती चूत को मैंने अपने लौड़े से पीट-पीटकर फैला दिया था.

नफीसा अब शिखा के साथ शिफ्ट हो गई थी.
उसके फ्लैट में वह मेडिकल की कोचिंग की तैयारी के लिए शिफ्ट हुई थी.

आज आपको वह सेक्स कहानी लिख रहा हूँ, जब मैंने और सुनील ने नफीसा को एक साथ बजाया था.

एक दिन मैं सुनील के साथ शिखा के फ्लैट पर उसको सरप्राइज करने गया.
जब मैं वहां पहुंचा तो पता चला वह फ्लैट पर नहीं है, उधर नफीसा ही अकेली है.

मैंने पूछा- कहां हैं मैडम?
तो वह इठला कर बोली- दीदी, अभी ऑफिस से आई ही नहीं हैं.

मैंने शिखा को कॉल किया और पूछा- कहां हो बेब्स?

उसने फोन काट दिया और वीडियो कॉल किया.
उसने दिखाया कि वह मेरे फ्लैट पर है.

तभी पीछे से नफीसा ने बोला- हैलो दीदी, कब तक आ रही हैं आप?
तो शिखा बोली- तेरा भाई आने देगा तब तो आऊं … मादरचोद बिना चोदे छोड़ेगा नहीं!

शिखा को पता नहीं था कि सुनील भी बगल में है और वह सारी बातें सुन रहा है.
यह देख कर मैं और नफीसा भी सुनील के सामने शिखा से डबल मीनिंग बातें करने लगे.

सुनील किसी लंबी सोच में पड़ गया.
उन सब सेक्सी बातें सुनकर सुनील समझ चुका था कि मैं, नफीसा को … और नदीम शिखा को पेलने लगे हैं.

उसको पुराने सारे वाकियात याद आने लगे थे शायद कि क्यों शिखा मूतने के लिए नदीम के रूम में जाती थी.
उसका डाउट क्लियर हो गया था. वह समझ चुका था कि नदीम शिखा को चोद चोदकर अपनी रंडी के जैसे बिछा चुका है.
हम दोनों अब उसकी चूत का भोसड़ा बना रहे हैं.
आजकल शिखा रांड डबल व जबर लंडों का सेवन कर रही है.

सुनील ये भी अच्छे से समझ चुका था कि नफीसा भी अब क्यों इतनी गदरा गई है.
उसकी गदराई जवानी का राज कोई और नहीं … मैं ही हूँ.
वह सोचने लगा होगा कि अगर मैंने नदीम की बहन पेली है, तो जरूर नदीम ने पहले शिखा की चुत पेली होगी.

मैं उसकी बहन को सिर्फ ठरक में नहीं पेलूँगा.
मेरे पास नफीसा से भी अच्छी-अच्छी चूतें हैं … मतलब चूतों की कोई कमी नहीं है तो खामखां में मैं क्यों नदीम की बहन नफीसा को चोदूंगा.

कुछ सोचने पर सुनील को यह भी याद आ गया था कि क्यों मैंने शिखा को चोदने का राज बताया था.

नदीम की फैंटसी है ब्रूटल.
वह अपनी गर्लफ्रेंड मुस्कान को कभी भी चोद देता है, कहीं भी चोद देता है.
अब तो ‘मुस्कान’ भी तैयार रहती है.
एक बार तो उसने हमारे सामने बात करते-करते ‘मुस्कान’ को चोद दिया था.

हमें तो 15 मिनट बाद पता चला था कि वह ‘मुस्कान’ को चोद रहा है.
मगर ‘मुस्कान’ को ये नहीं पता था कि हमें पता है कि वह हमारे सामने चुद चुकी है.

नदीम की भूख का अंदाज़ा हमें हो गया था.
अब तो उसकी गर्लफ्रेंड मुस्कान भी हमारे सामने पहले वाली लॉयल ‘मुस्कान’ नहीं है … बल्कि एक रांड हो गई थी.

नदीम के अलावा भी वह कई लंड अपनी चुत गांड में ले लेती है छिनाल … बस कुतिया ने अपनी चुदाई को सीक्रेट बनाए रखा है.

नदीम उसके फ्लैट पर चोदने जाता है.
वह कम आती है, बस पार्टीज़ में या बाहर ही मिलती है.

सुनील अब शायद यह भी सोचने लगा था कि क्यों आजकल नदीम फ्लैट पर तब ज़रूर होता था, जब शिखा आती थी.
जबकि पहले उसके ना रहने पर भी शिखा आ जाती थी.

आजकल मैं और शिखा ‘मुस्कान’ के यहां ज़्यादा रुकने लगे हैं.
मुस्कान के लंड खोजने की भूख मैंने मिटा दी है और अब वह मेरा लंड तबियत से ले रही है.

तभी हमारी क्लोज हो गई है, मिलने भी ज़्यादा लगी है.
हम सब अभी बातें कर ही रहे थे और सुनील सोच विचार में डूबा हुआ था.

तभी नफीसा ने सुनील को बोला- भैया … उस रूम में फ्रेश हो लो. अजय भैया मेरे वाशरूम में हो लेंगे फ्रेश!
जब जाकर वह ख्याल से निकला.

ये सुनकर सुनील दूसरे रूम चला गया.
और मैं नफीसा के रूम में घुसा और रूम लॉक नहीं किया था; दरअसल मैं भूल गया था.

अन्दर नफीसा कुर्सी पर बैठ कर पढ़ने लगी थी.
मैंने पास जाकर उसकी बुक बंद की और हाथ पकड़ कर उसे उठाया.

वह इतनी प्यारी और मादक निगाह से मुझे मासूमों की तरह निहार रही थी … जैसे एक गर्म हुई चूत लंड को देखती है

फिर बोली- एक मिनट इंतजार करो … दीदी को वीडियो कॉल करने दो.

उसने कॉल किया और फोन को ऐसे रख दिया कि बेड पूरा दिख रहा था.
उधर से नदीम ने फोन उठाया और दिखाया कि शिखा को लेटकर लंड चुसा रहा है.

फिर उसने भी फोन को सैट किया और ऐसे रखा कि हम दोनों भी उनको देख पा रहे हैं.

अब मैंने नफीसा को लिटाकर बेड पर उसकी शॉर्ट्स निकाल दी.
पैंटी को किनारे करके चूत चूसने लगा.
वह मस्त होकर सिसकारियां भरने लगी.

उधर नदीम ने शिखा को पटककर लंड पेल दिया था.

शिखा चिल्ला-चिल्लाकर चुद रही थी.
वह बोल रही थी- साला कसाई है तू दल्ले … हर बार मेरी सूखी चूत में लंड उतार देता है मादरचोद … रंडी नहीं हूँ भड़वे.

नदीम भड़वा सुनकर जोश में आ गया.
उसने खड़े होकर शिखा को उठा लिया और उसे हवा में उछाल उछाल कर चोदने लगा.

नदीम बोला- अजय भाई … कसम से भाभी की चूत … इसका पूरा बदन मखमल का है … आह मजा आ जाता है इसको चोद कर!

मैंने नफीसा की पैंटी निकालकर नदीम से कहा- भाई … तेरी बहन की चूत मलाई है … नदीम मैं कहता हूँ एक बार नफीसा को भी चोद ले … और बन बहनचोद … तुझे मजा ना आए तो कहना!

तभी रूम का गेट खुला और सुनील अन्दर आ गया.
वह गेट को हल्के से बंद करके सब देखने लगा.

नफीसा चूत चुसवाने में मस्त थी और उसका सर गेट की तरफ था.
उसे पता नहीं चला सुनील आया है.
कैमरा सुनील के आगे था तो शिखा-नदीम को भी नहीं पता था कि सुनील लाइव रंडापा देख रहा है

नदीम बोला- अभी तू मज़े ले … मैं शिखा और मुस्कान की चूत से खुश हूँ.
मैं बोला- सुनील की गर्लफ्रेंड मानसी भी मस्त दिखती है, क्या बोलता है … चढ़ जाऊं? बहुत घमंड है उसको अपनी अंग्रेजी पर चोद-चोदकर साली ABCD भुलवा दूँगा.

यह बोलते-बोलते मैंने सुनील की तरफ देखा और बेड पर घुटनों के बल खड़ा होकर अपना लंड नफीसा के मुँह में दे दिया.

नदीम बोला- भाई … प्लीज़ उसकी चूत दिला दे … मैं अपना लंड एक बार में ही उसकी चुदी चुदाई चुत में उतार दूँगा … मैं साली को सैट करने की कोशिश कर चुका मगर बहन की लवड़ी भाव ही नहीं दे रही.
उसकी इस बात पर हम दोनों हंस दिए.

वह इंग्लिश में ही ज़्यादातर बात करती है और हम लड़कों को प्रोफेशनल लैंग्वेज सिर्फ इंग्लिश समझ आती है.
जबकि घर में बकचोदी की फीलिंग हिंदी में ही आती है.

नदीम बोला- सुनील को तो पहले मना … कुछ देना तो पड़ेगा ना बदले में, तब जाकर ना मानसी की कच्छी फाड़कर लंड गाड़ पाऊंगा ना भाई!

यह बोलकर वह जोश में आ गया और शिखा को उठाकर हॉल में ट्रेडमिल पर लिटाकर पेलने लगा.
वह कुछ ही देर में झड़ गया.

मैंने सुनील को शिखा और नदीम के सामने आने नहीं दिया.
उन्हें नहीं पता लगा कि सुनील ने उनकी चुदाई देख ली है.

उसका कारण था कि अभी तो मुझे नफीसा की चूत सुनील को अच्छे से दिलानी थी.
उसके बाद मानसी को अपनी रांड बनाना था और बेशर्म बनाने में दोनों को मुझे वक्त चाहिए.
तभी ग्रुप सेक्स मज़ा देता है और इनकी एंट्री सरप्राइज होगी … मुझे देखना है कि नदीम, मानसी को और सुनील मुस्कान और शिखा को कैसे पेलता है.

फिर ‘एंजॉय गाइज’ बोलकर मैंने फोन काट दिया.

सुनील अब नफीसा को नंगी देखकर पगला चुका था.
वह अपना लंड बाहर निकाल हिला रहा था.
उसका लंड भी हमारी टक्कर का था.
वह भी हमारी तरह चोदू था.

मैंने सुनील को पास बुलाया- आ जा भाई.
उसने पार्टी जॉइन की और आकर नफीसा की चूचियों को चूसने लगा, उन्हें मरोड़ने लगा, उसे मस्त होकर चबाने लगा.

नफीसा चौंक गई लेकिन मुझसे चुद रही थी और मुझे भैया बोलती है, तो दूसरे भैया को किस मुँह से मना करेगी?

जैसे ही नफीसा ने कुछ न बोलकर सहमति दी, सुनील ने अगले ही पल उसके मुँह में लंड दे दिया और उसका मुँह पागलों की तरह चोदने लगा.

नफीसा गूँ-गूँ करने लगी.
वह सांस नहीं ले पा रही थी.

सुनील ने पूरा लंड उसके मुँह में पेल दिया था और सर पकड़ कर लंड पर दबा दिया था.

सुनील बोला- नफीसा मादरचोद रांड जब से देखा है तुझे … लंड बैठता ही नहीं है.
वह अपना लंड मुँह से निकाल कर बोला- अच्छे से चूस लवड़ी … ये लंड कई दिन से तेरा साथी बनने को तरस रहा है. इसे तेरी चूत की चासनी बनानी है!

मैंने बोला- भाभी का ख्याल मैं रख लूँगा … तू रख नफीसा का ख्याल रख. अपने लंड की छाप छोड़ इसकी चूत पर!

यह सुनते ही सुनील नफीसा के होंठ काट-काटकर चूसने लगा.
नीचे मेरी चूत चुसाई से उसकी चूत मस्त होकर चुदने को एकदम तैयार थी.

मैं बोला- सुनील … बजा अब अपनी बहन को.
फिर सुनील ने नफीसा को घोड़ी बनाकर उसका मुँह मेरे लंड पर झुका दिया और खुद उसे चोदने की पोजीशन में आ गया.

उसने अपना पूरा लंड नफीसा की चूत में उतार दिया था.
डबल फक सेक्स में नफीसा मेरा लंड चूस रही थी और सुनील उसे घोड़ी बनाकर उसकी चूत को चोदने लगा था.

वह बोला- नदीम की बहन की चूत मस्त है अजय … गर्म भट्टी है आह … मजा आ रहा है थैंक्स भाई.
वह मस्त होकर कमर हिला-हिलाकर उसे बजाने लगा.

नफीसा बोली- सुनील भैया … आराम से पेलो न … मैं मानसी और शिखा दीदी जितनी चुदक्कड़ नहीं बनी हूँ … धीरे-धीरे ठोको न मेरे राजा!
सुनील बोला- चुप बहनचोद साली … दो लंड खा रही है और बातें चोद रही है.

सुनील हपक हपक कर गांड पर चांटे बजा-बजाकर नफीसा को चोदने लगा.

वह नफीसा की चुत चोदते-चोदते बोला- मानसी की चूत कैसी लगी दोस्त तुझे?
यह कह कर वह मुझे देखकर हंसा.

मैं थोड़ा चौंका और फिर बोला- बढ़िया है.
एक पल बाद मैं आगे बोला- तूने उसको मेरा लंड दिखाकर गलत किया … सुनील वह खुद चुदने आई थी, मैंने कुछ नहीं किया था.

फिर मैं आगे बोला- भोसड़ी के … मेरे लंड की पिक तेरे फोन में क्या कर रही थी?

वह बोला- अबे साले गलती से तेरे लैपटॉप से कुछ ले रहा था … ये पिक भी आ गई … फिर मानसी कुछ देख रही थी, तो उसको लंड दिख गया. वह पूछने लगी कि यह सब क्या है? यह कह कर उसने लंड की फ़ोटो डिलीट कर दी थी. वह उस दिन गुस्सा हो गई थी.

मैं बोला- उसके पास फोटो है भाई … तेरे फोन से ले ली थी उसने!
वह चौंक गया. बोला- ओ बहनचोदी … रांड साली … तभी गुस्सा होकर भी उस दिन उछल-उछल कर चुदी थी रांड!
मैं हंसने लगा.

सुनील- बता न अजय कि कैसे चुदी कुतिया?
मैंने नफीसा को सीधा लिटाया, चूत अपनी तरफ की और लंड को भट्टी में झोंक दिया.

सुनील लेटकर उसके बदन को चूमने लगा.
वह नफीसा के बूब्स चाट-चाटकर चूसने लगा.

मैं नफीसा को चोदते हुए बोला- भाई … मस्त रांड है तेरी माल. हुआ यूं कि उस दिन की तुझे याद हो कि तेरी एक इम्पोर्टेंट मीटिंग आ गई थी अर्जेंट … और तूने रूम में अकेले वीडियो कॉल पर अटेंड की थी. उस दिन मानसी को मेरे रूम में रहना पड़ा था क्योंकि नदीम मुस्कान को बजा रहा था … उसका रूम फ्री नहीं था.

सुनील बोला- हां … याद है. उसी दिन चोद दी थी क्या?
मैं बोला- नहीं … अगले दिन मैं उसे चोदने उसके फ्लैट गया था.

वह बोला- चल अच्छा … विस्तार से बता मुझे … अपनी इस रांड नफीसा के साथ मस्ती करने दे … मैं सुन रहा हूँ. बता मानसी को कैसे बजाया?

मैं बोला- मानसी दरवाजा नॉक करके अन्दर आ गई थी. मैं कुछ काम कर रहा था. मैं उसको देखकर बोला कि बताओ मानसी … सब ठीक है न!

वह बोली- हां हां सब ठीक है. सुनील की मीटिंग चल रही है न … इसीलिए मैं तुम्हें कंपनी देने आ गई हूँ. उधर मुस्कान नदीम के साथ मस्ती कर रही है तो मैंने उन्हें डिस्टर्ब करना ठीक नहीं समझा.
मैं हंसते हुए बोला- काफी समझदार लड़की हो तुम … तभी तुमने मुझे भी कभी डिस्टर्ब नहीं किया!

वह हंसी और बोली- हां मैं देख चुकी हूँ कि तुम एक मस्त रॉड के मालिक हो और शिखा को उसकी मस्ती के समय डिस्टर्ब करने का कोई मतलब नहीं होता है इसलिए!
मैं चौंककर बोला- ये तुम क्या बोल रही हो मानसी?
तब वह बोली- अजय … मुझे पता है कि तुम अपनी टांगों के बीच में एक मस्त बंदूक छिपाकर रखते हो. मैंने वह गन देखी है … यही है न!

उसने यही सब कहते हुए अपने फोन में मेरे लंड की पिक दिखाई.
वह बोली- मुझे इसकी सवारी करनी है अजय … तुम्हारे जैसे लौड़े की सवारी करना किसी भी लड़की का सपना होता है.

एकदम खुल्लम खुल्ला लंड से चुदने की बात बोलकर वह मेरे बगल में बैठ गई और पैंट के ऊपर से मेरे लंड को प्यार से सहलाने लगी.
मैं उसे देखने लगा तो वह बड़े प्यार से मेरे होंठों को चूसने लगी.

थोड़ी देर बाद वह मेरे रूम से निकल कर चली गई और दो मिनट में वापस आ गई.

कमरे में आते ही उसने मेरे शॉर्ट्स से लंड निकाला और उसको चूस-चूम कर अपना रांड का कोर्स दिखाने लगी.
करीब आधा मिनट में ही मेरे लौड़े को उसने टाइट कर दिया और अब वह मेरे होंठ चूमने लगी.
मेरे गालों को प्यार से सहलाने लगी और बोली- अभी मेरे ठोकू की मीटिंग दस मिनट और चलेगी.

उसने इशारा दे दिया था कि अगले दस मिनट में मैं उसकी चुदाई कर दूँ.

वह मेरे बगल में बैठ गई, मेरे पैंट से बाहर निकले हुए लंड को फिर सहलाने लगी.

वह बोली- मुझे लगता है कि दस मिनट में मजा नहीं आएगा. कल तुम ऑफिस नहीं जा रहे हो, मेरे फ्लैट पर आ जाना. मैं भी हाफ दे लेकर अपने फ्लैट पर आ जाऊंगी. मुझे तुम्हारी रंडी बनने में बहुत मजा आएगा. मुझे तुम्हारे इस मोटे लवड़े को अपनी चुत में जरूरी में लेना ही है.

दोस्तो, मुझे भी इस छिनाल को पूरी तसल्ली से चोदने का मन था तो मैंने भी उसकी राय से इत्तेफाक जता दिया.
यह सब मैं सुनील को बता रहा था और नफीसा को चोदता जा रहा था.

अब डबल फक सेक्स कहानी के अगले भाग में मैं आपको इस मस्त चुदाई भरी सेक्स कहानी को आगे लिखूँगा.
आप मुझे अपने कमेंट्स जरूर भेजें.
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