Xxx कॉलेज GF स्वैप स्टोरी में मेरी गर्लफ्रेंड की सहेली अपने बॉयफ्रेंड को बड़ा चोदू समझती थी. मैंने उस कपल से GF की अदला बदली करने का ऑफर दिया.
हैलो फ्रेंड्स, मैं अजय आपको अपने कॉलेज के सबसे धाकड़ सेक्स ग्रुप की चुदाई की कहानी सुना रहा था.
कहानी के पहले भाग
गर्लफ्रेंड की सहेली को लैब में चोदा
में अब तक आपने पढ़ा था कि मैं समीर की गर्लफ्रेंड समीक्षा को समीर के सामने चोद रहा था और वह लड़की मस्त होकर चुदवा रही थी.
फिर उसी ने समीर से कहा कि हम सबको अब खुल कर मजा लेना चाहिए.
अब आगे Xxx कॉलेज GF स्वैप स्टोरी:
समीर बोला- सही कह रही तू कंप्टीशन के चक्कर में मैं बस इस हरामी को तुम दोनों की चूत फाड़ते ही देख पाऊंगा!
समीर मुझसे बोला- अजय, मेरी गर्लफ्रेंड तेरी रांड है भाई. तू जब चाहे चोद लेना इस छिनाल को … साली के अन्दर बहुत गर्मी है, कुतिया मुझे चूस ही लेती है. बस मुझे अपनी माल चोदने दे देना. कमाल लगती है मुझे तेरी माल!
मैं बोला- तू चोद मेरी माल, मुझे कोई दिक्कत नहीं भाई … साली को चोद-चोद कर मैंने कोठे की रंडी से ज्यादा चुदक्कड़ बना दिया है. इसको जब ना संभाल पाए … तो बता देना. छिनाल की गर्मी आ जाऊंगा शांत करने!
अपर्णा बोली- समीक्षा साली हरामन … तुझे तो मेरे बॉयफ्रेंड की गांड फाड़नी थी न … तू तो एक बार में चुद कर उसकी रखैल बन गई रांड!
समीक्षा बोली- कुतिया, तूने बताया था तेरा बॉयफ्रेंड तुझे चोद कर पस्त कर देता है. छिनाल तूने ये बताया था मादरचोद … मगर ये चोदता नहीं है, खोदता है हरामन तेरे बॉयफ्रेंड ने लैब में मेरी चूत को तबला समझ लिया था. बहनचोद ने मेरी गांड को ढोलक की तरह पीटा है. कमीना अपनी लोहे जैसी रॉड से ऐसे बजा रहा था मुझे मादरचोद कि चूत को दो टुकड़ों में फाड़ कर अलग कर देगा. उसका हर झटका इतना घातक होता था कि चूत छितरा जाती थी. साली मुझे 25 मिनट तक इस घोड़े के लौड़े से ठुकना पड़ा … और साली तू होगी इसकी गर्लफ्रेंड … लेकिन रांड इसकी बहुत हैं फिज़िक्स लैब में मुझे इसकी फिज़िक्स की रांड टीचर ने चुदवाया. वह रखैल है साली अजय की!
अपर्णा शॉक्ड थी.
वह बोली- क्या बात कर रही है यार? वह मैम तो कितनी सीधी लगती है. लगता है साली पति के अलावा किसी को देखती नहीं होगी. वह इसकी रखैल है?
‘हां मैं भी चौंक गई थी. मुझे लगा साला सच में उसको डायरेक्टर बुला रहा. मुझे क्या पता था कि मुझे साली ने वहां जानबूझ कर अकेली छोड़ा था ताकि तेरा ये कमीना अजय मुझे चोद सके!
अपर्णा बोली- तुझे कैसे पता लगा?
तो वह बोली- जब अजय मुझे चोद रहा था, तभी वह 5 मिनट बाद आ गई और लैब को अन्दर से बंद कर दिया. अपनी कुर्सी पर बैठ कर मुझको बोल-बोल कर चुदवाया है उस कुतिया मैम ने!
अपर्णा बोली- क्या ये सब सही है? वह बोली क्या थी?
तो समीक्षा बोली- साली अन्दर आई और मुझसे बोली कि रांड मुझसे बहुत अकड़ दिखाई है तूने क्लास में. आज तेरी सारी अकड़ अजय ढीली करेगा. मेरी शक्ल पर मत जा, तेरी जैसी रंडियों की महारानी हूँ मैं … जिसे तू झेल नहीं पा रही ना दस मिनट भी … उसको मेरा पानी निकालने में 4 घंटे लग जाते हैं!
फिर मेरी गर्लफ्रेंड बोली- अजय आज सच-सच बताओ, तुमने किस-किस को चोद रखा है कॉलेज में? मुझे विश्वास नहीं है कि मादरचोद तूने मेरे पीछे कितनी लड़कियों को चोद कर अपनी रखैल बनाया हुआ है?
मैं बोला- अपर्णा शांत हो जा मेरी जान, कभी तुझे प्यार कम दिया? तू मेरे लंड का सुकून है रे … मैं किसी को भी चोद लूँ, लंड को तेरी चूत का पानी चाहिए ही होता है!
वह मुस्कुराई और बोली- अच्छा बताओ तो मेरे राजा के पास कितनी रखैल हैं कॉलेज में?
मैं बोला- मेरे सारे दोस्तों की गर्लफ्रेंड मेरे लौड़े से चुदवा चुकी हैं! लेकिन मेरी गर्लफ्रेंड तू है मेरी जान!
वह मुझे दिखावटी गुस्से में घूरने लगी.
तो मैं बोला- ऐसे क्या देख रही? तुम्हारी गलती है. तुमने उनको मेरे बारे में बताया होगा जो उनको मेरा लंड चाहिए था … सो मैंने दे दिया.
मेरी गर्लफ्रेंड बोली- लो और बताओ … इसमें भी मेरी ही गलती!
मैं बोला- अपर्णा, तू क्लास की सबसे सीधी लड़की बता दे जिसको देखकर लगता है कि वह लॉयल होगी या किसी को नहीं देती होगी?
वह बोली- दिव्या, वह सबसे सीधी लगती है. पूरे हॉस्टल में वही है जो चूत-लंड की बातें नहीं करती. बहुत सीधी है!
मैं बोला- रुक जा तेरा भ्रम दूर कर देता हूँ. लेकिन इसके बाद कोई सवाल नहीं करना … तू समझ जाएगी किस-किस को चोद रखा होगा. सब बता दूँगा तुझे, लेकिन आज का ये आखिरी सवाल होगा. क्योंकि मुझे आज समीक्षा को जी भरके चोदना है!
यह कह कर मैंने दिव्या को फोन लगाया और उसे स्पीकर पर रख दिया.
जैसे ही फोन उठा तो दिव्या बोली- हैलो जी, आज कैसे याद आ गई मेरी?
मैं बोला- बस कोई अच्छे से लौड़ा चूस नहीं रहा, इसलिए आ गई याद!
वह बोली- मिल लो, मैं चूस लूँगी. मैं तो कब से चाह रही हूँ कि तुम लौड़ा मेरे मुँह में ठूँसो तो सही … लेकिन तुम्हें तो आजकल समीक्षा की गांड ज्यादा अच्छी लग रही है न!
समीक्षा चौंक गई- बहनचोद … इसे कैसे पता?
मैं दिव्या से बोला- बस तुम्हारी इसी पारखी निगाह का दीवाना हूँ … ऐसे ही थोड़ी मैंने तुम्हें गुड्डू की कैंटीन में गुड़िया की तरह चोदा था. मुझे पता था तू जानती है मेरे लंड में बहुत आग है!
वह बोली- अजय यार, सीरियसली मुझे उस दिन नहीं पता था तुम चोद दोगे! मुझे लगा था एक-दो बार तो मिलने तक लिहाज करोगे. मुझे क्या पता था तुम पहली बार ही मिलोगे और मुझे बजा दोगे!
मैं बोला- मेरी जान कैसे छोड़ देता? बता— तू खुद चल कर चुदने आई थी!
वह बोली- अच्छा किया चोद दिया, नहीं मेरी चूत को तृप्ति एक-दो बार कम ही मिलती. तुम तो वैसे भी इतने बिज़ी रहते हो!
मैं बोला- ओके हनी, जल्दी ही तुमको लौड़ा चुसाते हैं!
मैंने फोन रख दिया.
उन दोनों छिनालों ने एक साथ बोला- बहनचोद, तूने किसी को छोड़ा है?
मैं बोला- नहीं!
उसके बाद मैंने समीक्षा से कहा- एक जॉइंट रोल कर … और फूँक कर साथ में नहाते हैं!
समीक्षा माल तैयार करने लगी.
समीर बोला- भाई, मेरा एक दोस्त हमारे होटल में रुका है. वह अपनी गर्लफ्रेंड के साथ है. उसने एक बार अपर्णा की फोटो देखी है, तब से हम दोनों को इसको साथ चोदने का मन था. सोचा था उसके बाद इसको चोद कर रंडी बनाऊंगा. उसके साथ अपर्णा को चोदूँगा. उसके बाद उसकी गर्लफ्रेंड को भी, साली मस्त माल है!
मैं बोला- बुला ले, मैं भी देखूँ कैसे चोदते हो दोनों मेरी चुदक्कड़ माल को. लेकिन उसकी गर्लफ्रेंड मैं चोदूँगा … बता दियो!
वह बोला- डन भाई.
उसने अपने दोस्त को फोन किया.
सब बताकर बोला- आ जा!
वह बोला- भाई आ रहा हूँ अभी. गर्लफ्रेंड की टेंशन ना ले. उसकी चूत अजय और तुझे दिला दूँगा. अपर्णा माल है भाई … उसकी चूत के लिए कुछ भी हार जाऊंगा!
थोड़ी देर में वह आ गया और मैं और समीक्षा सोफे पर चिपक कर बैठ गए.
हम लोग सामने बेड पर अपर्णा की चुदाई देखने लगे.
समीर का दोस्त मानव भी देखने में ठीक चोदू दिख रहा था.
आते ही उसने हमें ‘हाय’ बोला और उसके बाद अपर्णा के ऊपर टूट पड़ा, उसके कपड़े फाड़ने लगा.
उसको देख के समीर भी जोश में आ गया और दोनों ने उसको 40 सेकंड में नंगी कर दिया.
मानव अपर्णा की चूची को बेरहमी से मसलने लगा.
अपर्णा दर्द से कसमसाने लगी और बोली- मादरचोद, मेरा बॉयफ्रेंड देख रहा है, तू क्या कर रहा? आराम से कर … नहीं तेरी वाली सिर्फ रोएगी. ना विश्वास हो तो पूछ अपने दोस्त से!
समीर बोला- चुप रांड!
उसके बाद उन दोनों ने अपर्णा को एकदम रंडी की तरह चोदा.
उसकी चूत को दोनों ने मुँह से काट-काट कर लाल कर दिया. उसकी चूचियों को ऐसे मसला कि उस पर हाथ के निशान आ गए.
अब मैं भी गर्म हो चुका था.
मैंने अपना लौड़ा निकाला और समीक्षा को बोला- चूस!
वह मेरा लौड़ा लेकर बच्चे की तरह चूसने लगी.
उधर मानव ने अपना लंड अपर्णा के मुँह में और समीर ने गांड में डाल रखा था.
दोनों अपर्णा को कुतिया बना कर चोद रहे थे.
समीर बेरहमी से अपर्णा की गांड पर चांटे बजा रहा था.
वह बोल रहा- मक्खन है तू मक्खन .. समीक्षा से ज्यादा गर्म है तू छिनाल!
समीक्षा ये सुन कर तिलमिला गई और बोली- भड़वे एक लड़की चोदने में 2 लोग लग रहे … और तू मेरी गर्मी बताएगा?
तब मानव बोला- भाभी, इतना ना बोलो. अभी आपका भी नंबर आएगा … तब रिग्रेट करोगी!
अब मैं बोला- तू टेंशन ना ले लौड़ू, वह मेरी रांड है. आराम से झेल लेगी. उधर ध्यान लगा!
उसके बाद समीक्षा को सोफे पर लिटाया और प्यार से उसकी चूत को चाटने लगा, जीभ से चखने लगा.
कमाल की चूत थी … एक खट्टे केक की तरह!
उसकी चूत के बाद मैं उसकी चूचियों को बच्चे की तरह पीने लगा.
वह मस्ती में पागल होकर मुझे टांगों में जकड़ने लगी, मेरे बाल प्यार से सहलाने लगी.
मेरा लंड उसकी चूत की सरहद को बार-बार छूकर गर्मी का अहसास कर रहा था और तनकर बांस हो रखा था.
अब मैंने उसकी टांगों को हल्का सा खोला और अपने लंड को एक हाथ से पकड़ कर लंड का टोपा उसकी चूत की दरार पर घिसने लगा.
घिसते घिसते हल्का सा चूत में डालता फिर निकाल लेता.
वह मस्त होकर मेरी गांड को हाथ से पकड़ कर चूत पर दबाने लगी और जीभ अपने होंठों पर फिराने लगी.
वह बोली- अजय साले चोद न मुझे … मुझे तेरे लौड़े को अन्दर महसूस करना है … बहनचोद फाड़ दे मेरी चुत … तड़पा मत भोसड़ी वाले!
मुझे देख कर समीर जोश में आ गया.
वह अपर्णा को अपना लंड चुसा रहा था और मानव सीधा लेटा था.
अपर्णा उसके लंड पर खुद कूद रही थी.
समीर ने लौड़ा मुँह से निकाला और मानव को बोला- मानव, खुद से चिपका साली को … मिल कर दोनों भाई आगे पीछे से एक साथ बजाते हैं. साली अकेली ही एक साथ हम दोनों को झेल लेगी. एक साथ दो को नहीं झेला होगा छिनाल ने … आज इसको दोनों भाई बताएंगे कि हम क्या चीज़ हैं!
उसके बाद मानव ने उसको खुद से कसके चिपका लिया.
अपर्णा की गांड समीर के आगे थी और चूत में लंड था.
उसने मेरी तरफ देखा और आंख मारी. अपना पूरा लंड एक बार में अपर्णा की गांड में डाल दिया और लंड उसकी गांड में मक्खन की तरह फिसलता सैट हो गया.
अपर्णा दाँत पीसने लगी.
उसके बाद समीर ने गांड मारनी स्टार्ट की और मानव ने चूत खोदना.
इस डबल मस्ती को अपर्णा ज्यादा देर झेल नहीं पाई और झड़ गई.
उसकी चूत से रस निकल रहा था और वे दोनों उसे बिना रुके चोद रहे थे.
मानव उसके माल की गर्मी सह नहीं पाया और बोला- उठ समीर, मैं झड़ने वाला हूँ!
वह चूत से लंड निकाल कर झड़ गया.
उसके बाद समीर ने अपर्णा को 10 मिनट तक और चोदा फिर वह भी झड़ गया.
अपर्णा उन दोनों से अलग हुई और खड़ी होकर पानी पीते-पीते बोली- दोनों ने चोदा तो ज़बरदस्त है … मज़ा आ गया लेकिन बच्चू मिल कर भी मुझे रांड नहीं बना पाए. मैं अभी भी गर्म हूँ. जब लंड में ताकत आ जाए तो वापस आ जाना. या नहीं हो पाएगा तो मैं कुछ और जुगाड़ करूँ. क्योंकि मेरा सांड तो लोमड़ी चोद रहा है … साला अभी मुझे भाव देगा नहीं!
इधर मैं समीक्षा की चूत को प्यार से चोद रहा था. चूम रहा था, चाट रहा था, सहला-सहला कर चोद रहा था.
मैं उसको इस तरह चोद रहा था जैसे वह नाज़ुक है … टूट ना जाए.
वे दोनों मेरी चुदाई देख रहे थे कि मैं एक की गर्लफ्रेंड और एक की भाभी को मछली की तरह तड़पा तड़पा कर कैसे चोद रहा था.
उसके बाद मैंने सोफे के चौड़े हाथे पर समीक्षा को उल्टा लिटाया.
उसकी एक टांग आधे सोफे पर और दूसरी सोफे से नीचे थी.
इस आसन में उसकी चूत खुलकर मेरे सामने आ गई थी.
मैंने उसके चूतड़ के दोनों भागों को बारी बारी से होंठों से दबा कर प्यार से काटा और हल्का सा चांटा मारा.
फिर लंड घुसाकर उसके दूध पकड़ कर पिल पड़ा. ऐसा जैसे घुड़सवारी करते हैं … वैसे चोदने लगा.
वह ज़ोर-ज़ोर से सिसकारियां लेने लगी और बोलने लगी- अजय, तू कमाल है मेरी जान … मेरी चूत आज चरमरा जाएगी लेकिन कसम से तेरा हर झटका मुझे गर्म कर रहा … कमाल है तेरा लंड यार … चोद मुझे … आह चोद चोद कर लंड को छाप दे चूत पर मेरे राजा!
मैं भी ऐसी गर्म और कड़क चूत लेकर पागल हो रहा था.
उसकी चूत की गर्मी मुझमें जोश भरती ही जा रही थी.
मैं बोला- मेरी जान तेरी चूत भट्टी है. आज पूरी आग बुझाकर ही छोड़ूँगा डार्लिंग .. ऐसा चोदूँगा कि तेरी चूत सिर्फ मेरे लंड का नाम जपेगी!
वह बोली- तो बुझा ना साले … और ज़ोर से पीट मेरी चूत को मेरी जान मज़ा आ रहा!
उस पोज़ीशन में मैंने उसकी 25 मिनट चुदाई की.
फिर उसको सोफे पर सीधा खड़ा करके एक टांग हाथ से पकड़ ली और गले में हाथ डाल कर उसकी चूत में लंड पेल दिया.
मैं उसको चूमते हुए चोदने लगा.
वह मस्ती में कमर लंड पर गोल-गोल घुमा कर चुदने लगी.
मैं उसको नीचे से ऐसे झटके मार रहा था कि वह उछल-उछल कर लंड पर गिर रही थी.
आह-आह की आवाज़ से कमरा गूँज रहा था.
करीब 15 मिनट में वह थक कर झड़ गई.
उसके बाद मैंने उसको लिटा दिया, उसके माल को साफ किया और अपना लंड दुबारा पेल दिया.
दस मिनट तक सुपर फास्ट शताब्दी एक्सप्रेस चलाई … मतलब झड़ी चूत में ताबड़तोड़ धक्के मारे.
उससे वह फिर से गर्म हो गई.
जैसे ही मुझे लगा कि वह गर्म हो गई, मैं उसकी चूत को चाटने लगा और 15 मिनट चाटता रहा.
वह फिर से मूड में आ गई.
उधर मानव मूड में आ गया था और उसने अपर्णा को घोड़ी बना कर टीवी के सामने स्लैब पर जहां कॉफी-पानी आदि रखा है, वहां झुकाकर पीछे से गोले दाग रहा था.
अपर्णा ‘अह आह’ करके चुद रही थी.
उसने अपर्णा को बोला- रांड, जब से तुझे देखा है, कसम से लंड उस दिन से तेरी चूत का प्यासा है, जैसा सोचा था वैसी ही गद्देदार मखमली बदन है तेरा. और तेरी चूत चिड़िया के फर की तरह कोमल है, मुझे अपना गुलाम बना ले यार … मैं तेरी चूत खोना नहीं चाहता!
अपर्णा मुझसे बोली- देख अजय, ये लवड़ा क्या कह रहा है. तू लड़कियां चोदकर अपनी रंडी ही नहीं बनाता सिर्फ … मैं भी चूत देकर लड़कों को गुलाम बना लेती हूँ!
ऐसा बोल कर अपर्णा ने अपनी चूत भींच ली और कमर को ज़ोर-ज़ोर से मानव के लंड पर मारने लगी.
वह खुद मानव को चोदने लगी.
मानव पागल होकर झड़ गया.
दूसरी तरफ मैं समीक्षा की चूत बेड पर पटक-पटक कर ले रहा था.
उसको चोदते-चोदते मैंने बेड से आधा लटका दिया था.
मेरा लंड उसकी गीली चूत में तहलका मचा रहा था और वह ज़ोर-ज़ोर से आहें भर रही थी.
समीक्षा की चूत गर्म लावे सी जल रही थी और मेरी 40 मिनट की चुदाई में वह झड़ गई. बेड पर पड़े-पड़े हांफने लगी.
वह बोली- अजय बस कर … मैं लंड चूस कर झाड़ दूँगी. अब थोड़ी देर रुक जाओ!
मैं रुक गया.
मुझे अभी चुत या गांड की जरूरत थी तो मैं अपने लौड़े के लिए माल देखने लगा.
दोस्तो, मेरी इस धुआंधार ग्रुप सेक्स कहानी में आपको कितना मजा आ रहा है, प्लीज कमेंट्स करके जरूर बताएं कि Xxx कॉलेज GF स्वैप स्टोरी कैसी लग रही है.
अभी सेक्स की रसधार बहना बाकी है, मिलते हैं अगले भाग में!
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